बिहार फसल क्षति अनुदान योजना 2026 रबी फसल नुकसान का ऑनलाइन आवेदन शुरू

बिहार फसल क्षति अनुदान योजना 2026 रबी फसल नुकसान का ऑनलाइन आवेदन शुरू

 

Bihar Krishi Input Subsidy 2025-26 (Rabi)बिहार के किसान भाइयों के लिए एक बहुत ही महत्वपूर्ण और समय-संवेदनशील (Time-Sensitive) खबर है। बिहार सरकार के कृषि विभाग द्वारा राज्य में मार्च 2026 के तीसरे और चौथे सप्ताह में आए भीषण आंधी-तूफान, असामयिक भारी बारिश और ओलावृष्टि (Hailstorm) के कारण बर्बाद हुई रबी फसलों के मुआवजे के लिए ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है

यदि आप भी कृषि विभाग के इस नए नोटिफिकेशन के तहत आने वाले प्रभावित जिलों के किसान हैं, तो आपके पास सरकार से मुआवजा यानी कृषि इनपुट अनुदान (Krishi Input Anudan) पाने का यह आखिरी मौका है। ध्यान रहे कि इस बार आवेदन के लिए सरकार ने बहुत ही कम समय दिया है। आज के इस विशेष लेख में हम आपको बताएंगे कि आवेदन की अंतिम तिथि क्या है, कौन से 5 जिलों को शामिल किया गया है, और आवेदन करते समय आपको किन सख्त नियमों का पालन करना होगा

बिहार कृषि इनपुट अनुदान योजना (रबी 2025-26) - एक नजर में

मुख्य बिंदु (Topic) पूरी जानकारी (Details)
योजना का नाम कृषि इनपुट अनुदान योजना (रबी 2025-26)
नुकसान का कारण मार्च 2026 (तीसरे-चौथे सप्ताह) में आंधी-तूफान, बारिश और ओलावृष्टि से क्षति
आवेदन शुरू होने की तिथि 20 जून 2026 (सुबह 06:00 बजे से)
आवेदन की अंतिम तिथि 24 जून 2026 (रात 10:00 बजे तक)
शामिल कुल जिले 05 जिले
अधिकतम सीमा प्रति किसान परिवार अधिकतम 2 हेक्टेयर (494 डिसimil)
बिहार फसल क्षति में शामिल 5 जिलों के नाम (District List)
बिहार सरकार के कृषि विभाग ने इस बार पूरे राज्य के लिए नहीं, बल्कि विशेष रूप से प्रभावित केवल 5 जिलों के लिए ही पोर्टल को लाइव किया है। यदि आप इन जिलों के निवासी हैं, तभी आप ऑनलाइन अप्लाई कर पाएंगे
  1. पूर्णिया (Purnia)
  2. अररिया (Araria)
  3. सुपौल (Supaul)
  4. मधुबनी (Madhubani)
  5. किशनगंज (Kishanganj)
जरूरी सलाह आवेदन करने से पहले सरकार के पोर्टल पर जाकर "प्रभावित पंचायत सूची" में अपने गाँव या पंचायत का नाम जरूर चेक कर लें। यदि आपकी पंचायत इस सूची में शामिल नहीं होगी तो आपका आवेदन सबमिट नहीं हो पाएगा।

इस बार किन रबी फसलों के नुकसान पर मिलेगा पैसा

सरकार ने स्पष्ट किया है कि एक ही पंजीकरण (Registration Number) के माध्यम से किसान भाई नीचे दी गई फसलों में हुए नुकसान के लिए दावा कर सकते हैं

  1. ​गेहूँ (Wheat)
  2. ​मक्का (Maize)
  3. ​रबी दलहन और तेलहन (Pulses & Oilseeds)
  4. ​सब्जियाँ (Vegetables)
  5. ​गन्ना (Sugarcane)
  6. ​शाश्वत/बारहmaasi फसलें (जैसे केला, बगीचे आदि)
  7. ​औषधीय एवं सुगन्धित पौधे
​बिहार सरकार के 5 सबसे सख्त नियम (आवेदन से पहले जरूर पढ़ें)

कृषि विभाग ने इस बार आवेदन प्रक्रिया में कुछ कड़े बदलाव किए हैं, जिन्हें जानना आपके लिए बेहद जरूरी है ताकि आपका आवेदन रिजेक्ट न हो
  • किसान परिवार की परिभाषा और सीमा
यह अनुदान योजना प्रति किसान परिवार अधिकतम 2 हेक्टेयर (यानी 494 डिसमिल भूमि) तक के लिए ही देय है। सरकार के नियम के अनुसार, "किसान परिवार" का मतलब पति + पत्नी + अवयस्क (छोटे) बच्चे है।
  • परिवार विवरण और आधार सत्यापन (Aadhar Verification)
इस बार आवेदन करते समय आपको अपने परिवार के सदस्यों का विवरण देना अनिवार्य होगा। इस परिवार विवरणी (Family Details) का वेरिफिकेशन सीधे उनके आधार कार्ड के जरिए किया जाएगा, ताकि एक ही परिवार से कई लोग अलग-अलग आवेदन करके गलत फायदा न उठा सकें।
  • बैंक खाता और NPCI/DBT लिंक होना अनिवार्य
सरकार ने साफ तौर पर कहा है कि योजना की राशि केवल उसी बैंक खाते में भेजी जाएगी जो आधार से लिंक (NPCI से मैप) होगा। आवेदन करने से पहले किसान भाई UIDAI की वेबसाइट पर जाकर या अपने बैंक मैनेजर से मिलकर यह सुनिश्चित कर लें कि उनका खाता DBT इनेबल्ड है या नहीं।
  • वंशावली (Vanshavali) अब मान्य नहीं है
यदि जमीन आपके दादा या पिता के नाम पर है और आप "स्वयं (भू-धारी)" के रूप में आवेदन कर रहे हैं, तो इस बार वंशावली दस्तावेज मान्य नहीं माना जाएगा। ऐसी स्थिति में सरकार ने निर्देश दिया है कि आपको "वास्तविक खेतिहर (बटाईदार)" के रूप में ही आवेदन करना चाहिए।
  • ओटीपी (OTP) की गोपनीयता
किसान के पंजीकृत मोबाइल नंबर पर आने वाला ओटीपी (OTP) पूरी तरह गोपनीय है। आवेदन पूरा करने के लिए इसे सही-सही दर्ज करना होगा।

किसान के प्रकार और आवश्यक दस्तावेज (Documents Required)

​आवेदन करते समय आपको अपनी श्रेणी के अनुसार सही दस्तावेज अपलोड करने होंगे
  • स्वयं (भू-धारी) किसान होने पर: यदि जमीन आपके खुद के नाम पर है, तो आपको वर्ष 2023-24 से लेकर अब तक की (यानी पिछले तीन वर्षों की) जमीन की रसीद या एकदम नया एल.पी.सी (Land Possession Certificate) अपलोड करना होगा।
  • वास्तविक खेतिहर (बटाईदार) होने पर: यदि आप दूसरे की जमीन पर खेती करते हैं, तो आपको पोर्टल से स्व-घोषणा प्रमाण पत्र (Self Declaration Form) डाउनलोड करके, उसे भरकर और वार्ड सदस्य/कृषि समन्वयक से सत्यापित करवाकर अपलोड करना होगा।
  • स्वयं + वास्तविक खेतिहर होने पर: यदि कुछ जमीन अपनी है और कुछ बटाई पर है, तो जमीन के दस्तावेज और स्व-घोषणा पत्र दोनों संलग्न करने होंगे।
बिहार कृषि इनपुट सब्सिडी 2026 के लिए ऑनलाइन आवेदन कैसे करें
  1. वेबसाइट खोलें: सबसे पहले कृषि विभाग, बिहार सरकार के आधिकारिक पोर्टल dbtagriculture.bihar.gov.in पर जाएं।
  2. इनपुट सब्सिडी लिंक पर क्लिक करें: होमपेज पर "कृषि इनपुट अनुदान योजना (2025-26) रबी" के लिंक या आवेदन प्रपत्र पर क्लिक करें।
  3. पंजीकरण संख्या डालें: अपना 13 अंकों का किसान रजिस्ट्रेशन नंबर दर्ज करें और Search बटन पर क्लिक करें।
  4. विवरण भरें स्क्रीन पर आपकी जानकारी आ जाएगी। अब नीचे अपनी प्रभावित जमीन का खाता, खेसरा, कुल रकबा और फसल का प्रकार भरें।
  5. ​परिवार का विवरण दें अपने परिवार के सदस्यों का आधार कार्ड नंबर और विवरण दर्ज करें (यह अनिवार्य है)।
  6. दस्तावेज अपलोड और सबमिट करें: अपनी श्रेणी के अनुसार जमीन की रसीद/LPC या स्व-घोषणा पत्र अपलोड करें। 'Get OTP' पर क्लिक करें, मोबाइल पर आया कोड डालें और फाइनल सबमिट कर दें।
यदि आप पूर्णिया, अररिया, सुपौल, मधूबाली या किशनगंज जिले के किसान हैं और मार्च के महीने में ओलावृष्टि से आपकी फसल को नुकसान पहुंचा था, तो बिना एक दिन की भी देरी किए तुरंत आवेदन करें। क्योंकि 24 जून 2026 की रात 10:00 बजे पोर्टल बंद हो जाएगा और समय बहुत ही कम (सिर्फ 4 दिन) दिया गया है।

हमें उम्मीद है कि इस लेख के माध्यम से आपको बिहार फसल क्षति अनुदान रबी 2025-26 की पूरी और सटीक जानकारी मिल गई होगी। इसे अपने क्षेत्र के अन्य किसान भाइयों के साथ तुरंत शेयर करें ताकि किसी भी जरूरतमंद किसान का नुकसान न हो।